स्कूल ऑफ एमिनेंस मक्सूदां में मेयर वनीत धीर ने पैरेंट्स-टीचर्स मीटिंग में की शिरकत
स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता को लेकर शिक्षकों और अभिभावकों से की विस्तार से चर्चा
आधुनिक शिक्षा के साथ अपनी जड़ों, संस्कृति और मूल्यों से जुड़े रहें विद्यार्थी : हलका इंचार्ज
Buland Kesari/ जालंधर नॉर्थ के हलका इंचार्ज एवं मेयर वनीत धीर ने स्कूल की ओर से मिले निमंत्रण पर स्कूल ऑफ एमिनेंस, मक्सूदां, जालंधर में आयोजित पैरेंट्स-टीचर्स मीटिंग (PTM) में शिरकत की। इस अवसर पर उन्होंने शिक्षकों, अभिभावकों और विद्यार्थियों से मुलाकात की तथा शिक्षा से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया। उन्होंने विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति, उनके सर्वांगीण विकास और सरकारी स्कूलों में शिक्षा के स्तर को और बेहतर बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों के बारे में भी जानकारी प्राप्त की।
मेयर वनीत धीर ने कहा कि किसी भी समाज और राज्य की तरक्की की मजबूत नींव उसकी शिक्षा व्यवस्था होती है। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा न केवल बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाती है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनने और समाज में अपनी सकारात्मक भूमिका निभाने के लिए भी तैयार करती है। उन्होंने कहा कि स्कूलों में आयोजित होने वाली पैरेंट्स-टीचर्स मीटिंग विद्यार्थियों की प्रगति का आकलन करने और उनकी समस्याओं को समझने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। ऐसे आयोजनों के जरिए अध्यापकों और अभिभावकों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित होता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और व्यक्तित्व विकास को नई दिशा मिलती है।
वनीत धीर ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार का उद्देश्य सरकारी स्कूलों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करना और विद्यार्थियों को विश्वस्तरीय शिक्षा उपलब्ध करवाना है। स्कूल ऑफ एमिनेंस इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका मकसद विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध करवाना और उनकी प्रतिभा को निखारने के अवसर प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। जरूरत केवल उन्हें उचित मार्गदर्शन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर देने की है।
मेयर ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल अच्छे अंक प्राप्त करना या परीक्षाओं में सफलता हासिल करना ही नहीं होना चाहिए, बल्कि विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, अनुशासन, जिम्मेदारी और सामाजिक मूल्यों का विकास करना भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने कहा कि आज के दौर में विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक सोच और बदलती दुनिया की आवश्यकताओं के अनुरूप शिक्षा मिलनी चाहिए। इसके साथ ही उन्हें अपनी भाषा, संस्कृति, विरासत और नैतिक मूल्यों से भी जुड़े रहना चाहिए, ताकि वे भविष्य में सफल नागरिक बनने के साथ-साथ पंजाब की समृद्ध विरासत का प्रतिनिधित्व भी कर सकें।
वनीत धीर ने शिक्षकों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि अध्यापक बच्चों के भविष्य के निर्माण में अहम योगदान देते हैं। वहीं, अभिभावकों का सहयोग विद्यार्थियों के आत्मविश्वास और शैक्षणिक प्रदर्शन को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि जब स्कूल, शिक्षक और अभिभावक मिलकर बच्चों की शिक्षा एवं विकास के लिए काम करते हैं, तो सकारात्मक परिणाम सामने आते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को मेहनत, लगन और अनुशासन के साथ अपने लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि पंजाब सरकार के प्रयासों, शिक्षकों की मेहनत और अभिभावकों के सहयोग से सरकारी स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में नई उपलब्धियां हासिल करेंगे। उन्होंने कहा कि पंजाब के विद्यार्थियों में देश और दुनिया में अपनी पहचान बनाने की पूरी क्षमता है और उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध करवाना सभी की साझा जिम्मेदारी है।
अंत में, मेयर वनीत धीर ने स्कूल प्रबंधन, शिक्षकों और अभिभावकों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सुधार और बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार सरकारी शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और प्रत्येक विद्यार्थी को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है।

Disclaimer:Buland Kesari receives the above news from social media. We do not officially confirm any news. If anyone has an objection to any news or wants to put his side in any news, then he can contact us on +91-98880-00404.







