iTree Network Solutions +91-8699235413
iTree Network Solutions +91-8699235413
iTree Network Solutions +91-8699235413
HomeLatest Newsकंज्यूमर कोर्ट का बड़ा फैसला: गाड़ी के 17-इंच अलॉय व्हील में था...

कंज्यूमर कोर्ट का बड़ा फैसला: गाड़ी के 17-इंच अलॉय व्हील में था मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट, बार-बार फट रहे थे टायर; फोर्ड इंडिया पर लगा 1.5 लाख का जुर्माना

Date:

National News

भारत के इस राज्य के CM और डिप्टी CM पर चलीं गोलियां!

Buland Kesari/ जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में स्थित...

Buland kesari**चंडीगढ़/ Buland Kesari:*स्टेट कंज्यूमर डिस्प्यूट्स रिड्रेसल कमीशन, पंजाब (चंडीगढ़) ने कार खरीदारों के हक में एक बड़ा और ऐतिहासिक फैसला सुनाया है. कोर्ट ने माना कि फोर्ड इकोस्पोर्ट (प्लैटिनम एडिशन) के 17-इंच अलॉय व्हील और लो-प्रोफाइल टायर के डिजाइन में खराबी (Inherent Manufacturing Defect) थी, जिसके कारण गाड़ी के टायर मामूली गड्डों में भी बार-बार फट रहे थे।

iTree Network Solutions +91-8699235413

कंज्यूमर कोर्ट ने कंपनी के इस तर्क को पूरी तरह खारिज कर दिया कि टायर लापरवाही से गाड़ी चलाने के कारण फट रहे थे। कोर्ट ने फोर्ड इंडिया (Ford India Private Limited) और उसके अधिकृत डीलर्स को आदेश दिया है कि वे पीड़ित ग्राहक को मानसिक प्रताड़ना और परेशानी के एवज में **₹1,50,000 (डेढ़ लाख रुपये) का अतिरिक्त मुआवजा** दें. साथ ही, गाड़ी को पूरी तरह से ठीक (comprehensive repair) करके और डिफेक्टिव रिम को बदलकर सड़क पर चलने योग्य (Roadworthy) बनाने का पिछला आदेश भी बरकरार रखा है।

iTree Network Solutions +91-8699235413

### **क्या था पूरा मामला?**
लुधियाना की रहने वालीं प्रभा सूद और उनके बेटे आदित्य सूद ने उपभोक्ता फोरम में शिकायत दर्ज करवाई थी। जिसमें उन्होंने फोर्ड इंडिया प्र. लि., इंपीरियल फोर्ड लुधियाना, और भगत फोर्ड लुधियाना को पार्टी बनाया था।

उन्होंने शिकायत में बताया कि जुलाई 2017 में ₹12,05,237 की भारी-भरकम कीमत चुकाकर एक नई ‘Ford Ecosport Platinum Edition’ कार खरीदी थी. इस गाड़ी में कंपनी की तरफ से ‘डायमंड-कट 17-इंच अलॉय व्हील्स’ और अपोलो कंपनी के ‘205/50R17’ साइज के टायर स्टैंडर्ड फिटमेंट के तौर पर दिए गए थे.

कार खरीदने के महज 4 महीने के भीतर, अलग-अलग घटनाओं में गाड़ी के टायर **4 बार** मामूली गड्डों (potholes) से टकराकर या तो फट गए या उनमें गंभीर सूजन (bulge) आ गई. एक हादसे में तो चलती गाड़ी का अलॉय व्हील (रिम) बीच से टूटकर दो टुकड़ों में बंट गया, जिससे कार सवारों की जान पर बन आई थी.

बार-बार होने वाले इन हादसों से तंग आकर ग्राहकों ने गाड़ी को डीलर के पास खड़ा कर दिया और साल 2018 में जिला उपभोक्ता फोरम (District Commission) का दरवाजा खटखटाया.

### **ऑटोमोबाइल एक्सपर्ट की रिपोर्ट ने खोली पोल**
मामले की गहराई से जांच के लिए ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री में 20 साल से ज्यादा का अनुभव रखने वाले डायग्नोस्टिक एक्सपर्ट श्री मनोज वर्मा (दादा मोटर्स, लुधियाना) को नियुक्त किया गया था. उनकी तकनीकी रिपोर्ट ने कोर्ट में केस का रुख बदल दिया. Expert Report के मुख्य बिंदु इस प्रकार थे:

iTree Network Solutions +91-8699235413

* **गलत टायर और व्हील साइज:** इस सेगमेंट की अन्य गाड़ियां (जैसे क्रेटा, ब्रेजा, डस्टर, एक्सयूवी300) 15 या 16 इंच के व्हील्स के साथ आती हैं. फोर्ड ने लुक और स्टाइल (USP) बढ़ाने के लिए 17 इंच के बड़े अलॉय व्हील और बहुत कम प्रोफाइल वाले टायर दे दिए.

* **शॉक एब्जॉर्ब नहीं कर पा रही थी गाड़ी:** व्हील का साइज और कंस्ट्रक्शन ऐसा था जो गाड़ी के सस्पेंशन और शॉक एब्जॉर्बर (झटका सोखने की क्षमता) के साथ तालमेल नहीं बैठा पा रहा था. गड्डों का सीधा झटका सीधे टायरों और रिम पर पड़ रहा था, जिससे वे बार-बार फट रहे थे. रिपोर्ट में इसे अलॉय व्हील्स का **’इनहेरेंट मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट’** बताया गया.

### **कोर्ट ने क्या कहा?**
स्टेट कमीशन की बेंच (न्यायिक सदस्य श्री हरिंदरपाल सिंह माहल और श्रीमती किरण सिबल) ने कहा कि ग्राहक ने एक मोटी रकम खर्च करके नई गाड़ी इसलिए खरीदी थी ताकि वह उसका आनंद ले सके. लेकिन गाड़ी के डिफेक्टिव रिम के कारण ग्राहक को बार-बार मानसिक तनाव और उत्पीड़न का सामना करना पड़ा. गाड़ी पिछले कई सालों से डीलर के पास ही धूल फांक रही थी.

हालांकि, कोर्ट ने कार की पूरी कीमत वापस (Refund) करने की मांग को स्वीकार नहीं किया, क्योंकि एक्सपर्ट रिपोर्ट के अनुसार खराबी सिर्फ अलॉय व्हील और टायर कॉम्बिनेशन में थी, न कि गाड़ी के इंजन या बाकी मैकेनिकल हिस्सों में।

### **60 दिनों के भीतर करना होगा भुगतान**

iTree Network Solutions +91-8699235413

स्टेट कमीशन ने जिला फोरम के मरम्मत वाले आदेश को संशोधित करते हुए फोर्ड इंडिया और उसके डीलर्स को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे आदेश की कॉपी मिलने के **60 दिनों के भीतर** ₹1,50,000 का मुआवजा ग्राहक को भुगतान करें. साथ ही, गाड़ी को पूरी तरह ठीक करने और अदालती खर्च (Litigation Cost) देने का पुराना आदेश लागू रहेगा.

WhatsApp पर खबरें पाने के लिए हमारे Buland Kesari WhatsApp Group को Join करें
iTree Network Solutions +91-8699235413

Disclaimer:Buland Kesari receives the above news from social media. We do not officially confirm any news. If anyone has an objection to any news or wants to put his side in any news, then he can contact us on +91-98880-00404.

Punjab News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related News

मात्र 5 रुपये के कम रिफंड पर रेलवे को पड़ा भारी जुर्माना; उपभोक्ता फोरम ने लगाया 10,000 रुपये का हर्जाना

 उपभोक्ता अधिकारों के संरक्षण को लेकर लुधियाना जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने एक ऐतिहासिक और मिसाल कायम करने वाला फैसला सुनाया है। आयोग...

You cannot copy content of this page